निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिए
1. गाँधी जी में नेतृत्व की अदभुत क्षमता थी। पाठ गिन्नी का सोना के आधार पर स्पष्ट कीजिए।
2. गिरगिट कहानी समाज की किन विसंगतियों की ओर इशारा करती है?
3. समुद्र किनारे बैठे हुए तँतारा की तंद्रा कैसे टूटी?
गांधीजी में नेतृत्व की अद्भुत क्षमता थी। यह बात उनके द्वारा चलाये गए आंदोलन जैसे– भारत छोड़ो
आंदोलन, दांडी मार्च, असहयोग आंदोलन आदि से स्पष्ट हो जाती है। गांधीजी में नेतृत्व का विशिष्ट गुण था
तभी तो सिर्फ एक बार आव्हान करने पर लाखों लोग उनके साथ आन्दोलन में जुड़ जाते थे| स्वतंत्रता के दौरान गांधीजी
के द्वारा अनेक आन्दोलन छेड़े गए और इन सभी आंदोलनों में लोगों ने अपना सब कुछ दांव पर लगाकर बड़ी संख्या आन्दोलन में भाग लेकर देश को स्वतंत्र कराने में अपना सहयोग दिया| इससे साफ़ तौर पर स्पष्ट होते है कि गांधीजी में नेतृत्व का अदभुत गुण था और इसी कारण उनके आन्दोलन में बड़ी संख्या में लोगों की भागीदारी होती थी|
2.
गिरगिट कहानी के माध्यम से समाज में व्याप्त भ्रष्टाचार, उच्च वर्ग का दबदबा, अस्थिरता, भाई भतीजावाद व लोगों के अवसरवादी होने आदि विसंगतियों की और इशारा किया गया है| प्रस्तुत पाठ 'गिरगिट' के द्वारा लेखक 'अंतोन चेखव जी' ने अपने मुख्य पात्र ओचुमेलॉव के माध्यम से चापलूसी व रिश्वतखोरी जैसी सामाजिक बुराइयों एवं विसंगतियों को उजागर करने का प्रयास किया है।
3.
ताँतारा समुद्र किनारे बैठा हुआ था| वामीरो के मधुर गीत को सुनकर उसकी तंद्रा टूटी|