Q7 of 16 Page 81

आज़ादी की बात

तब माँ कोई कर न सकेगा


अपने ऊपर अत्याचार।”


कविता की इस पंक्ति में किस अत्याचार की बात की जा रही है? वे किस तरह के अत्याचार करते थे?


कविता की इस पंक्ति में अंग्रेज़ों द्वारा किए गए अत्याचारों की बात हो रही है। उस समय अंग्रेज़ों ने भारत को अपना गुलाम बना लिया था। वे भारतियों को शारीरिक, मानसिक और आर्थिक रूप से प्रताड़ित करते थे। उन्होंने अमानवीयता की सभी हदें पार कर दी थी। वे भारत की समस्त चीजें औऱ धन को इंग्लैंड भेज रहे थे| जो लोग इसका विरोध करते थे वो उनकों मारते पीटते थे और जेल में बंद कर देते थे। इतना ही नहीं वे उन्हें आंतकवादी घोषित कर कालापानी के लिए भेज देते थे। गरीब और गरीब हो रहा था। उस समय एक ऐसा वक्त भी आ गया था जब लोग भोजन के लिए भी तरस रहे थे। यह देखकर भी अंग्रेज़ों को इससे कोई सरोकार नहीं था। वे भारतीयों की तुलना कुत्ते से किया करते थे। भारतीयों को अपने ही देश के कई स्थानों पर आने-जाने की मनाही थी।


More from this chapter

All 16 →
6 B

पता करो

जब बच्ची अपनी माँ से ये सब बातें कर रही थी, उस समय का आसमान और मौसम कैसा रहा होगा? अपनी कल्पना से बताओ। (संकेत-धूप, सूरज, बादल, धरती, बिजली, लोगों की परेशानियाँ आदि।)


6 C

पता करो

कविता में आया है कि सूरज की माँ ने उसे घर के भीतर बुला लिया। पता करो कि क्या सूरज की भी माँ होती होगी?


8

घर की बात

बिजली के आँगन में अम्मा..........”


इसमें जो आँगन है वह घर के बाहर के हिस्से को कहा गया है। घर के इन भागों को तुम अपनी भाषा में क्या कहते हो?



9

कविता बनाओ

नीचे कविता में से कुछ पंक्तियाँ दी गई हैं। कविता की अगली पंक्तियाँ स्वयं बनाओ।


ध्यान रखो, कविता में से देखकर नहीं लिखना।


नमूना ज़ोर-ज़ोर से गरज रहे हैं।


तड़ तड़ तड़ तड़ बरस रहे हैं।


. तब माँ कोई कर न सकेगा


. बिजली के आँगन में अम्माँ


. किसने फोड़ घड़े बादल के