पाठ के संदर्भ में उनाकोटी में स्थित गंगावतरण की कथा को अपने शब्दों में लिखिए?
उनाकोटी में स्थित एक विशाल चट्टान ऋषि भगीरथ की प्रार्थना पर स्वर्ग से पृथ्वी पर गंगा के अवतरण की कथा को व्यक्त करती है। गंगा अवतरण के धक्के से कहीं पृथ्वी धंसकर पाताल लोक में न चली जाए, इसके लिए ऋषि भगीरथ ने भगवान् शिव जी से प्रार्थना करी कि वह गंगा जी को अपनी जटाओं में लेलें और उसके बाद गंगा जी को धीरे - धीरे धरती पर प्रवाहित करें। भगवान् शिव जी का चेहरा पूरी चट्टान पर बना हुआ है और उनकी जटाएं दो पहाड़ों पर फैली हुई है। भारत में यह भगवान् शिव जी की सबसे बड़ी आधार-मूर्ति है।
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