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निम्नलिखित के आशय स्पष्ट कीजिए-

दरअसल इस फिल्म की संवेदना किसी दो से चार बनाने वाले की समझ से परे है।

लेखक का आशय यह है कि फिल्म तीसरी कसम एक संवेदनशील फिल्म थी। यह संवेदना फिल्मों से पैसा कमाने वाले लोगों की समझ में आने वाली नहीं थी। जिस फिल्म में दर्शकों के मनोरंजन के लिए पर्याप्त सामग्री होती है ऐसी फिल्मों को खरीददार हाथों-हाथ खरीद लेते हैं। फिल्म तीसरी कसम में भावनाओं और संवेदाओं की प्रधानता थी। मात्र पैसा कमाने के लिए फिल्म बनाने वालों के लिए संवेदनाओं और साहित्यिकता से युक्त फिल्म का कोई महत्त्व नहीं था| इसी कारण इस फिल्म को कोई खरीदार नहीं मिला।


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निम्नलिखित के आशय स्पष्ट कीजिए-

उनका यह दृढ़ मंतव्य था कि दर्शकों की रूचि की आड़ में हमें उथलेपन को उन पर नहीं थोपना चाहिए। कलाकार का यह कर्तव्य भी है कि वह उपभोक्ता की रूचियों का परिष्कार का प्रयत्न करें।

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निम्नलिखित के आशय स्पष्ट कीजिए-

व्यथा आदमी को पराजित नहीं करती, उसे आगे बढ़ने का संदेश देती है।

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निम्नलिखित के आशय स्पष्ट कीजिए-

उनके गीत भाव-प्रवण थे-दुरूह नहीं।

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पाठ में आए ‘से’ के विभिन्न प्रयोगों से वाक्य की संरचना को समझिए।

(क) राजकपूर ने एक अच्छे और सच्चे मित्र की हैसियत से शैलेंद्र को फिल्म की असफलता के खतरों से आगाह भी किया।


(ख) रातें दसों दिशाओं से कहेंगी अपनी कहानियाँ।


(ग) फिल्म इंडस्ट्री में रहते हुए भी वहाँ के तौर-तरीकों से नावाकिपफ़ थे।


(घ) दरअसल इस फिल्म की संवेदना किसी दौ से चार बनाने के गणित जाननेवाले की समझ से परे थी।


(ड,) शैलेंद्र राजकपूर की इस याराना दोस्ती से परिचित तो थे।