निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिए-
क) मीराबाई ने श्रीकृष्ण से अपनी पीड़ा हरने की प्रार्थना किस प्रकार की है? अपने शब्दों में लिखिए।
ख) पर्वतीय प्रदेश में वर्षा के सौन्दर्य का वर्णन ‘पर्वत प्रदेश में पावस’ के आधार पर अपने शब्दों में कीजिए।
ग) छाया भी कब छाया को ढूँढने लगती है? ‘बिहारी’ के दोहे के आधार पर उत्तर दीजिए।
OR
‘तोप’ को कब-कब चमकाया जाता है? ‘तोप’ कविता के आधार पर लिखिए।
(क) मीराबाई भगवान कृष्ण से अपनी पीड़ा हरने की प्रार्थना करते हुए कहती हैं कि प्रभु जिस तरह से आपने द्रोपदी का वस्त्र बढ़ाकर भरी सभा में उसकी लाज रखी। नरसिंह का रूप धारण करके हिरण्यकश्यप को मारकर प्रह्लाद को बचाया। हे प्रभु, इसी तरह मुझे भी संकट से बचाकर पीड़ा मुक्त करो।
(ख) वर्षा ऋतु में मौसम बदलता रहता है। तेज वर्षा होती है और जल पहाड़ों के नीचे इट्ठा होता रहता है। पर्वतों पर अनगिनत फूल खिल जाते हैं। ऐसा लगता है कि मानों पर्वत अनेकों नेत्र खोलकर देख रहा है। पर्वतों पर बहते झरनों में पानी का वेग बढ़ जाता है और उनकी सुन्दरता अदभुत ही होती है| आसमान में अचानक से काले-काले बादल घिर आते हैं मानों पर्वत पंखा लगाकर उड़ना चाहते हों| वर्षा ऋतू में पर्वतीय प्रदेशों की सुन्दरता देखते ही बनती है
(ग) जेठ के महीने में गर्मी इतनी प्रचंड होती है की छाया भी गर्मी से बचने के लिए छाया ढूँढने लगती है| यहाँ कवि का कहने का तात्पर्य है की जेठ के महीने में इतनी प्रचंड गर्मी पड़ती है कि इस गर्मी में सबको गर्मी से बचाने वाली छाया भी इस गर्मी की मार से बचने के लिए छाया ढूँढने लगती है|
OR
इस तोप का संबंध भारत की स्वतंत्रता से है और इसी कारण इस तोप को भारत की स्वतंत्रता के लिए महत्वपूर्ण दो दिनों 15 अगस्त और 26 जनवरी को सजाया और चमकाया जाता है|
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